एक्सएलआरआई और एक्सेंचर के बीच हुआ ऐतिहासिक एमओयू, छात्रों को मिलेंगे वैश्विक स्तर के करियर अवसर
पूर्वी सिंहभूम (जमशेदपुर): देश के शीर्ष प्रबंधन संस्थानों में शुमार जेवियर स्कूल ऑफ मैनेजमेंट (XLRI) और दुनिया की अग्रणी प्रोफेशनल सेवा प्रदाता कंपनी Accenture के बीच गुरुवार को एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। यह करार एक्सेंचर के वरिष्ठ प्रतिनिधियों के एक्सएलआरआई परिसर दौरे के दौरान संपन्न हुआ, जिसका उद्देश्य उद्योग और शिक्षा जगत के बीच सहयोग को नई ऊंचाई देना है।
इस साझेदारी के तहत एक्सएलआरआई के छात्रों को इंटर्नशिप, समर प्लेसमेंट, लाइव प्रोजेक्ट्स, प्री-प्लेसमेंट ऑफर (PPO) जैसी सुविधाएं और अवसर प्राप्त होंगे। इसके साथ ही संयुक्त शोध कार्य, केस स्टडी डेवलपमेंट, ज्ञान साझा कार्यक्रम, फैकल्टी एक्सचेंज, कार्यकारी शिक्षा, सीएक्सओ वार्ता, और नेतृत्व विकास कार्यक्रमों में दोनों संस्थानों के बीच सहयोग को मजबूती मिलेगी।
एमओयू समारोह में एक्सएलआरआई की ओर से संस्थान के निदेशक फादर एस. जॉर्ज, डीन (प्लेसमेंट व वित्त) प्रो. कनगराज ए., डीन (एकेडमिक्स) प्रो. संजय पात्रो, प्रो. सुनील सारंगी समेत अन्य वरिष्ठ संकाय सदस्य उपस्थित थे। इस समझौते की पहल प्रो. कनगराज ए. ने की, जबकि उसके सुचारू क्रियान्वयन की जिम्मेदारी वाइस प्रेसिडेंट व हेड ऑफ प्लेसमेंट रजनी रंजन ने निभाई।
वहीं एक्सेंचर की ओर से इस विशेष अवसर पर सीनियर मैनेजिंग डायरेक्टर एवं चीफ ह्यूमन रिसोर्स ऑफिसर (CHRO) लक्ष्मी चंद्रशेखरन और स्ट्रैटेजी एंड कंसल्टिंग ग्लोबल नेटवर्क के इंडिया लीड सुरेश नंदुरु प्रमुख रूप से उपस्थित थे। इन दोनों वरिष्ठ अधिकारियों ने एक्सएलआरआई के शैक्षणिक वातावरण की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह साझेदारी भविष्य के लीडर्स को वैश्विक मंचों के लिए तैयार करने में मददगार होगी।
एमओयू के उपरांत टाटा ऑडिटोरियम में एक विशेष लीडरशिप टॉक का आयोजन किया गया, जिसका विषय था “लीडरशिप इन ए डायनामिक एंड एआई-ड्रिवन वर्ल्ड”। इस सत्र में बीएम, एचआरएम और जीएपी प्रोग्राम के 1000 से अधिक छात्र, फैकल्टी और स्टाफ सदस्य शामिल हुए।
इस संवाद सत्र में लक्ष्मी चंद्रशेखरन और सुरेश नंदुरु ने छात्रों के साथ आधुनिक नेतृत्व की जटिलताओं, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के बढ़ते प्रभाव, डिजिटल परिवर्तन, एचआर रणनीतियों, और उद्देश्यपरक नेतृत्व कौशल जैसे विषयों पर अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने यह भी बताया कि आज के दौर में नेतृत्व केवल प्रबंधन नहीं बल्कि अनुकंपा, अनुकूलता और नवाचार से जुड़ा हुआ है।
यह साझेदारी न केवल एक्सएलआरआई के छात्रों को बेहतर करियर संभावनाएं देगी, बल्कि शिक्षा और उद्योग के बीच की खाई को पाटने का भी कार्य करेगी। यह समझौता भविष्य के नवाचार, नेतृत्व विकास और कौशल उन्नयन की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
