झारखंड के 35 हजार स्कूलों में योगाभ्यास शुरू, 45 लाख विद्यार्थी ले रहे हिस्सा
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की तैयारी को लेकर विद्यालयों में चल रहा कॉमन योग प्रोटोकॉल
रांची। स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग, झारखंड सरकार के अंतर्गत झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद (जेईपीसी), रांची के निर्देशानुसार राज्य के सभी सरकारी एवं सरकारी सहायता प्राप्त विद्यालयों में 16 से 20 जून तक प्रतिदिन प्रातः 7:17 बजे से 8:00 बजे तक कॉमन योग प्रोटोकॉल का अभ्यास कराया जा रहा है। यह अभ्यास 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस-2026 की तैयारियों का हिस्सा है। इस वर्ष योग दिवस की थीम “स्वस्थ वृद्धावस्था के लिए योग” निर्धारित की गई है।
45 लाख से अधिक विद्यार्थी कर रहे योगाभ्यास
राज्य के लगभग 35 हजार विद्यालयों के 45 लाख से अधिक छात्र-छात्राएं योगाभ्यास में भाग ले रहे हैं। विद्यार्थियों के साथ शिक्षक, शिक्षिकाएं तथा शिक्षकेत्तर कर्मचारी भी सक्रिय रूप से योग अभ्यास कर रहे हैं। विद्यालयों में योग को जनआंदोलन का स्वरूप देने की दिशा में यह विशेष पहल की जा रही है।
शिक्षकों को दिया गया विशेष प्रशिक्षण
योग कार्यक्रम के प्रभावी संचालन के लिए शारीरिक शिक्षा शिक्षकों एवं नामित नोडल शिक्षकों को जिला, प्रखंड और संकुल स्तर पर प्रशिक्षण दिया गया है। प्रशिक्षण के माध्यम से योगाभ्यास की मानक प्रक्रिया और कॉमन योग प्रोटोकॉल की जानकारी दी गई है।
विद्यालयों में होगा योग क्लब का पुनर्गठन
विभागीय निर्देश के तहत 17 जून तक सभी विद्यालयों में योग क्लब का पुनर्गठन किया जाएगा। सात सदस्यीय योग क्लब में प्रधानाध्यापक, शारीरिक शिक्षा शिक्षक अथवा नोडल शिक्षक, बाल संसद के प्रधानमंत्री, खेल मंत्री, स्वास्थ्य मंत्री तथा योग में रुचि रखने वाले या खेलो झारखंड योग प्रतियोगिता के विजेता दो छात्र-छात्राओं को शामिल किया जाएगा।
नियमित योग और ध्यान को मिलेगा बढ़ावा
राज्य कार्यक्रम पदाधिकारी धीरसेन ए. सोरेंग ने बताया कि योग क्लब के माध्यम से प्रत्येक बुधवार और शनिवार को नियमित योगाभ्यास कराया जाएगा। इसके अलावा प्रतिदिन पहली घंटी से पहले दो मिनट का ध्यान (मेडिटेशन) भी कराया जाएगा।
हर माह होगी विद्यालय स्तरीय योग प्रतियोगिता
उन्होंने बताया कि प्रत्येक माह के अंतिम शनिवार को विद्यालय स्तरीय योग प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों में योग के प्रति जागरूकता बढ़ाना, शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य को प्रोत्साहित करना तथा योग को दैनिक जीवनशैली का हिस्सा बनाना है।
