रिम्स में मेडिकल इंटर्न्स के लिए आपदा प्रबंधन पर विशेष ट्रेनिंग सेशन, NDRF ने दिया लाइव डेमो
रांची: रिम्स (राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान), रांची में बुधवार को मेडिकल इंटर्न्स के लिए एक विशेष प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य था — आपदा की स्थिति में मेडिकल प्रोफेशनल्स को त्वरित, प्रभावी और संसाधनों की कमी में भी घायलों की मदद करने के लिए तैयार करना. यह ट्रेनिंग सत्र राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF) की 9वीं बटालियन द्वारा आयोजित किया गया.
इस सत्र का नेतृत्व NDRF के असिस्टेंट कमांडेंट कौशल कुमार और उनकी टीम ने किया. उन्होंने मेडिकल इंटर्न्स को प्राकृतिक आपदाओं जैसे भूकंप, बाढ़, अग्निकांड या सड़क दुर्घटनाओं जैसी स्थितियों में राहत एवं बचाव कार्यों की प्रक्रिया को समझाया. ट्रेनिंग में लाइव डेमो के ज़रिए यह बताया गया कि सीमित संसाधनों में भी कैसे स्ट्रेचर, पट्टियां, प्राथमिक चिकित्सा और CPR जैसी तकनीकों का सही इस्तेमाल कर जान बचाई जा सकती है.
ट्रेनिंग की खास बात यह रही कि इसमें मेडिकल इंटर्न्स केवल दर्शक नहीं बने, बल्कि उन्होंने स्वयं भी NDRF की टीम के साथ मिलकर रेस्क्यू एक्सरसाइज में हिस्सा लिया. इससे उन्हें वास्तविक आपदा जैसी स्थिति में काम करने का व्यावहारिक अनुभव मिला, जो उनके भविष्य के करियर में काफी उपयोगी साबित होगा.
इंटर्न्स ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि यह प्रशिक्षण उनके लिए अत्यंत लाभकारी रहा. इस सत्र से उन्हें आपातकालीन परिस्थितियों में निर्णय लेने की क्षमता, आत्मविश्वास और टीमवर्क की अहमियत को समझने में मदद मिली. रिम्स प्रबंधन ने भी इस पहल की सराहना की और भविष्य में ऐसे और प्रशिक्षण सत्र आयोजित करने की बात कही.
NDRF की इस पहल ने यह सिद्ध कर दिया कि मेडिकल शिक्षा के साथ-साथ आपदा प्रबंधन का प्रशिक्षण भी आवश्यक है, ताकि मेडिकल प्रोफेशनल्स हर स्थिति में समाज की सेवा करने में सक्षम हों.
