नववर्ष 2026 की पहली सुबह भक्तिमय माहौल में डूबा झारखंड

रांची, जमशेदपुर, देवघर सहित राज्यभर के मंदिरों में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़, सुख-समृद्धि की कामना
रांची। झारखंड सहित देश के कई हिस्सों में नववर्ष 2026 की पहली सुबह श्रद्धा, आस्था और उल्लास के साथ मनाई गई। राज्य की राजधानी रांची से लेकर जमशेदपुर, देवघर, धनबाद, बोकारो और हजारीबाग तक मंदिरों में तड़के सुबह से ही भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना कर भगवान से नए साल में सुख, शांति, समृद्धि और बेहतर भविष्य की कामना की।
रांची में पहाड़ी मंदिर, जगन्नाथपुर मंदिर, काली मंदिर और बिरसा चौक सहित विभिन्न शिवालयों में सुबह चार बजे से ही भक्तों का तांता लग गया। मंदिर परिसर भजन-कीर्तन, शंखनाद और घंटे-घड़ियाल की मधुर ध्वनियों से गूंज उठे। श्रद्धालु हाथों में फूल, बेलपत्र और प्रसाद लेकर भगवान शिव और अन्य देवी-देवताओं के दर्शन करते नजर आए। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए प्रशासन द्वारा मंदिरों के बाहर पुलिस बल की तैनाती की गई थी, वहीं श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए बैरिकेडिंग और कतार प्रणाली अपनाई गई।
जमशेदपुर में भी दिखा उत्साह
जमशेदपुर में बिष्टुपुर कालीबाड़ी, साकची हनुमान मंदिर और मानगो के शिव मंदिरों में नववर्ष के अवसर पर विशेष भीड़ देखी गई। श्रद्धालु परिवार सहित मंदिर पहुंचे और विधिवत पूजा-अर्चना कर नए साल की मंगलकामनाएं कीं। मंदिर समितियों की ओर से स्वच्छता, जल व्यवस्था और भीड़ नियंत्रण के लिए स्वयंसेवकों की तैनाती की गई थी, जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
देवघर में बाबा बैद्यनाथ धाम बना आस्था का केंद्र
देवघर स्थित विश्व प्रसिद्ध बाबा बैद्यनाथ धाम में नववर्ष पर विशेष उत्साह देखने को मिला। देश के विभिन्न राज्यों से आए श्रद्धालुओं ने बाबा बैद्यनाथ का जलाभिषेक किया। मंदिर परिसर में “बोल बम” के जयकारों से माहौल भक्तिमय हो गया। प्रशासन द्वारा सुरक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल और यातायात की पुख्ता व्यवस्था की गई थी, जिससे दर्शन सुचारु रूप से संपन्न हो सके।
अन्य शहरों में भी उमड़ी भीड़
धनबाद, बोकारो, हजारीबाग और अन्य जिलों में भी मंदिरों में श्रद्धालुओं की अच्छी-खासी भीड़ देखने को मिली। लोग न सिर्फ पूजा-अर्चना के लिए मंदिर पहुंचे, बल्कि एक-दूसरे को नववर्ष की शुभकामनाएं देकर खुशी साझा करते नजर आए।
आस्था और उमंग के साथ नए साल का आगाज
कुल मिलाकर झारखंड में नववर्ष 2026 का स्वागत आस्था, विश्वास और सकारात्मक ऊर्जा के साथ हुआ। मंदिरों में उमड़ी भीड़ और लोगों के चेहरों पर दिखती उम्मीदें इस बात का संकेत थीं कि नया साल बेहतर और मंगलमय हो—इसी कामना के साथ राज्य ने वर्ष 2026 में कदम रखा।
