भारत में तेजी से बढ़ रहा क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल, डिजिटल पेमेंट और ईएमआई बने बड़ी वजह
ऑनलाइन पेमेंट, UPI और आसान EMI विकल्पों ने बदली लोगों की खर्च करने की आदत
एसबीआई कार्ड के आंकड़ों में दिखा टियर-2 और टियर-3 शहरों में भी क्रेडिट कार्ड का बढ़ता प्रभाव
रांची, मई 2026:
भारत में खरीदारी और भुगतान का तरीका तेजी से बदल रहा है। बढ़ती आमदनी, डिजिटल भुगतान के बढ़ते उपयोग और बेहतर लाइफस्टाइल की चाहत ने लोगों की खर्च करने की आदतों को नया रूप दिया है। अब उपभोक्ता सिर्फ जरूरी सामान ही नहीं, बल्कि बेहतर अनुभव, यात्रा, लाइफस्टाइल और सुविधाजनक खरीदारी पर भी खुलकर खर्च कर रहे हैं।
देश में इस समय करीब 11.86 करोड़ क्रेडिट कार्ड उपयोग में हैं और वित्त-वर्ष 2026 के दौरान क्रेडिट कार्ड के जरिए ₹23.62 लाख करोड़ से अधिक का लेन-देन दर्ज किया गया। यह दर्शाता है कि क्रेडिट कार्ड अब केवल बड़े खर्च तक सीमित नहीं रह गए हैं, बल्कि रोजमर्रा की जिंदगी का अहम हिस्सा बन चुके हैं।
भारत की प्रमुख क्रेडिट कार्ड जारीकर्ता कंपनी एसबीआई कार्ड के आंकड़ों के अनुसार, ग्राहकों की प्राथमिकता अब तेजी से डिजिटल भुगतान और ऑनलाइन ट्रांजैक्शन की ओर बढ़ रही है। वित्त-वर्ष 2026 में रिटेल खर्च 15 प्रतिशत की वार्षिक वृद्धि के साथ ₹3.54 लाख करोड़ के रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गया। कुल रिटेल खर्च में ऑनलाइन खर्च की हिस्सेदारी लगभग 62.5 प्रतिशत रही, जो डिजिटल माध्यमों पर बढ़ते भरोसे को दर्शाती है।
डिजिटल प्लेटफॉर्म पर बढ़ा भरोसा
ग्राहकों की बदलती जरूरतों को ध्यान में रखते हुए डिजिटल सेवाओं और सेल्फ-सर्विस प्लेटफॉर्म की मांग भी तेजी से बढ़ी है। एसबीआई कार्ड के लाखों ग्राहक अब मोबाइल ऐप, “आस्क इला” चैटबॉट और व्हाट्सएप सेवाओं का उपयोग नए कार्ड आवेदन से लेकर विभिन्न सेवाओं और जानकारी प्राप्त करने तक के लिए कर रहे हैं। बेहतर ग्राहक अनुभव के चलते एसबीआई कार्ड मोबाइल ऐप को गूगल प्ले स्टोर पर 4.6 और ऐप स्टोर पर 4.5 की रेटिंग मिली है।
एसबीआई कार्ड की एमडी एवं सीईओ ने कहा कि बढ़ती आय, डिजिटलीकरण, मजबूत पेमेंट इंफ्रास्ट्रक्चर और बदलती उपभोक्ता सोच के कारण क्रेडिट कार्ड लेन-देन के स्वरूप में बड़ा बदलाव आया है। लोगों की पसंद अब लाइफस्टाइल, अनुभव आधारित खरीदारी और आसान डिजिटल भुगतान की ओर बढ़ रही है।
UPI से जुड़े क्रेडिट कार्ड का बढ़ा इस्तेमाल
भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था में UPI सबसे प्रमुख माध्यम बन चुका है। अब क्रेडिट कार्ड को UPI से जोड़ने की सुविधा ने रोजमर्रा के खर्चों में भी क्रेडिट कार्ड की उपयोगिता बढ़ा दी है।
एसबीआई कार्ड के वित्त-वर्ष 2026 की चौथी तिमाही के आंकड़ों के अनुसार, UPI से जुड़े क्रेडिट कार्ड के जरिए होने वाले खर्च में पिछली तिमाही की तुलना में 10 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्ज की गई। किराना दुकान, डिपार्टमेंटल स्टोर, ईंधन, कपड़े, रेस्टोरेंट और उपयोगी सेवाओं जैसी श्रेणियों में सबसे अधिक खर्च हुआ।
छोटे शहरों में तेजी से बढ़ रहा क्रेडिट कार्ड का उपयोग
अब क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल सिर्फ महानगरों तक सीमित नहीं है। बढ़ती डिजिटल जागरूकता और बेहतर भुगतान सुविधाओं के कारण टियर-2 और टियर-3 शहरों में भी इसका उपयोग तेजी से बढ़ रहा है।
एसबीआई कार्ड के अनुसार, UPI से जुड़े क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल करने वाले करीब 77 प्रतिशत ग्राहक और ऐसे लेन-देन का करीब 81 प्रतिशत खर्च छोटे शहरों से आता है। इससे स्पष्ट है कि डिजिटल क्रेडिट सेवाएं अब देश के छोटे शहरों और कस्बों तक तेजी से पहुंच रही हैं।
अलग-अलग जरूरतों के लिए कई कार्ड इस्तेमाल कर रहे ग्राहक
आज ग्राहक अपनी जरूरतों के अनुसार अलग-अलग क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल कर रहे हैं। यात्रा के लिए ट्रैवल कार्ड, ईंधन के लिए फ्यूल कार्ड, वेलनेस, ऑनलाइन शॉपिंग और डिजिटल ट्रांजैक्शन के लिए अलग-अलग कार्ड का उपयोग बढ़ा है।
इससे यह साफ है कि ग्राहक अब रिवॉर्ड्स, कैशबैक और विशेष लाभों को ध्यान में रखकर कार्ड चुन रहे हैं।
EMI विकल्पों ने बढ़ाई बड़ी खरीदारी की क्षमता
ईएमआई सुविधा भी क्रेडिट कार्ड की लोकप्रियता बढ़ाने का बड़ा कारण बन रही है। एसबीआई कार्ड के आंकड़ों के मुताबिक वित्त-वर्ष 2026 में EMI आधारित खर्च में दोहरे अंकों की वृद्धि दर्ज की गई।
गैजेट्स, घरेलू उपकरण, फर्नीचर और अन्य महंगे उत्पादों की खरीदारी अब आसान किस्तों में होने लगी है। यह चलन महानगरों के साथ-साथ छोटे शहरों में भी तेजी से बढ़ रहा है।
ग्राहकों की बढ़ती मांग को देखते हुए एसबीआई कार्ड जैसी कंपनियां स्मार्टफोन, घरेलू उपकरण, गैजेट्स और अन्य उत्पादों पर आकर्षक ऑफर्स और आसान भुगतान विकल्प देने के लिए बड़े ब्रांड्स के साथ साझेदारी कर रही हैं।
