बैंकों में जमा राशियों को तुरंत राज्य की समेकित निधि में हो जमा : सरयू राय
पूर्वी सिंहभूम, 14 अगस्त । विधायक सरयू राय ने गुरुवार को वित्त मंत्री को पत्र लिखकर विभिन्न बैंकों में विभागों, प्रमंडल और जिलों की ओर से जमा की गई अव्यवहृत राशियों को अविलंब राज्य की समेकित निधि में जमा कराने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि इन राशियों के मद में बैंक खातों में अर्जित ब्याज की राशि भी वापस समेकित निधि में जमा की जानी चाहिए, क्योंकि ऐसा न करना वित्तीय अनुशासन के विरुद्ध है।
वित्त मंत्री को लिखे पत्र में राय ने उल्लेख किया कि राज्य के विभिन्न विभागों, प्रमंडलों और खासकर कार्य विभागों में खर्च नहीं हो सकी राशि के आंकड़े सिविल डिपोजिट, पीएल खाता और लोकलेखा के विभिन्न शीर्षों में स्पष्ट रूप से दर्ज हैं। वित्त विभाग ने 24 दिसंबर 2014 को पत्र जारी कर बैंकों में रखी अव्यवहृत राशि को संबंधित विभाग के राजस्व शीर्ष में वापस जमा करने का निर्देश दिया था, लेकिन इसमें यह स्पष्ट नहीं था कि राशि स्थापना व्यय की है, राज्य योजना या केंद्रीय योजना की राज्यांश की है या केंद्रांश राशि है।
उन्होंने पत्र में बताया कि नौ जुलाई 2020 और 11 फरवरी 2022 को एजी ने इस विषय पर राज्य सरकार का ध्यान आकर्षित किया था। इसके बाद वित्त विभाग और महालेखाकार कार्यालय के बीच विचार-विमर्श कर स्पष्ट व्यवस्था बनाई गई कि बैंक खातों में जमा राजस्व मद की राशि या अवशेष राशि को उस विभाग और शीर्ष के अनुसार समेकित निधि में जमा किया जाएगा, जहां से यह राशि प्राप्त हुई थी।
विधायक ने कहा कि स्थापना मद, राज्य योजना मद, केंद्रीय क्षेत्र योजना मद और केंद्र प्रायोजित योजना मद के राज्यांश और केंद्रांश की अधिक या अनपेक्षित निकासी या निकासी के बाद बची राशि को भी संबंधित शीर्षों में समेकित निधि में जमा किया जाना चाहिए। यही नियम पूंजीगत व्यय शीर्ष के अंतर्गत भी लागू होगा।
