अफीम खरीद-फरोख्त को लेकर हुई थी सुखराम पूर्ति की हत्या, खूंटी पुलिस ने दो आरोपियों को किया गिरफ्तार
खूंटी, 12 जुलाई — झारखंड के खूंटी जिले में अफीम व्यापार से जुड़े विवाद में हुई हत्या का दो महीने बाद पुलिस ने खुलासा किया है। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक पूर्व माओवादी भी शामिल है।
🕵️♂️ हत्या का कारण: अफीम खरीदने के नाम पर लूट और मर्डर
पुलिस के अनुसार, 11 मई 2025 को मृतक सुखराम पूर्ति (23) को अफीम खरीदने के बहाने अड़की थाना क्षेत्र के तुबिल गांव बुलाया गया था। आरोपी उसे झांसा देकर अफीम के पैसे लूटना चाहते थे। लूट के बाद उसकी निर्मम हत्या कर दी गई और पहचान छिपाने के लिए उसका गुप्तांग काट दिया गया।
इसके बाद शव को अड़की और बंदगांव थाना सीमा के पास बंकमा गांव के जंगल में फेंक दिया गया। पुलिस को शव 12 मई को बरामद हुआ था, जिसकी शुरुआत में पहचान नहीं हो सकी थी।
👮♂️ गिरफ्तार आरोपी और अपराध की पृष्ठभूमि
गिरफ्तार आरोपितों में शामिल हैं:
- जिदन हेंब्रम उर्फ हीरो (32) – साके गांव, अड़की। पूर्व माओवादी, माओवाद से संबंधित दो मामलों में पहले भी गिरफ्तार।
- नेल्सन बोदरा (28) – गोबाई गांव, टेबो थाना, पश्चिम सिंहभूम।
एसडीपीओ वरुण रजक के अनुसार, हत्या की साजिश में और भी लोग शामिल थे, जिनकी तलाश की जा रही है।
जांच में सामने आया कि मृतक सुखराम पूर्ति स्वयं भी आपराधिक गतिविधियों में लिप्त था। उस पर हत्या, आर्म्स एक्ट, और 17 CLA एक्ट के तहत 12 से अधिक मामले दर्ज हैं। वह अफीम तस्करी और खरीद-बिक्री में भी सक्रिय था।
🛡️ हत्या की जांच के लिए बनी थी विशेष टीम
मामले के खुलासे के लिए एसडीपीओ के नेतृत्व में एक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) बनाई गई थी।
टीम में शामिल थे:
- पुलिस निरीक्षक किशुन दास
- एसआई सुधीर कुमार यादव,
- एसआई रोशन खाखा
- एवं सशस्त्र बल के अन्य जवान।
गुप्त सूचना और तकनीकी अनुसंधान के आधार पर आरोपी जिदन हेंब्रम को हिरासत में लिया गया, जिसने पूछताछ में अपना जुर्म कबूल किया।
