रांची में ईरान–इजरायल जंग के खिलाफ प्रदर्शन, मेन रोड में नारेबाजी कर जताया विरोध

Ranchi : अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध को लेकर राजधानी रांची में शुक्रवार को विरोध प्रदर्शन किया गया। मुस्लिम समुदाय के कुछ लोग मेन रोड के इकरा मस्जिद के पास इकट्ठा हुए और नारेबाजी करते हुए इस जंग के खिलाफ आवाज उठाई। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने पोस्टर भी जलाए और कहा कि युद्ध के नाम पर मासूम बच्चों और आम लोगों को निशाना बनाना बंद होना चाहिए।
मेन रोड पर जुटे लोग, लगाए नारे
प्रदर्शन में शामिल लोग मेन रोड पर एक जगह जमा हुए और जंग के खिलाफ नारे लगाने लगे। लोगों के हाथों में पोस्टर भी थे। कुछ लोगों ने पोस्टर जलाकर अपना विरोध जताया। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि दुनिया में कहीं भी मासूमों की जान नहीं जानी चाहिए।
स्कूलों पर हमले का लगाया आरोप
मौके पर मौजूद आसिफ खान ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि अमेरिका और इजरायल मिलकर ईरान पर हमला कर रहे हैं। उनका कहना था कि यह जंग सैनिकों के बीच कम और आम लोगों के बीच ज्यादा असर डाल रही है। उन्होंने कहा कि कई जगहों पर स्कूलों पर बम गिराए जाने की खबरें आई हैं। एक घटना में लड़कियों के स्कूल पर बम गिरने से बड़ी संख्या में बच्चियों की मौत हो गई थी। हाल में भी दो स्कूलों पर बम गिराए गए, हालांकि वहां बच्चे नहीं थे इसलिए कोई हताहत नहीं हुआ।
मासूमों को निशाना बनाना गलत
आसिफ खान ने कहा कि अगर जंग हो रही है तो उसे सैनिकों के बीच लड़ा जाना चाहिए। मासूम बच्चों, महिलाओं और आम लोगों पर हमला करना कायरता है। उन्होंने कहा कि सैनिकों को सैनिकों से लड़ना चाहिए, लेकिन यहां मासूम लोग मारे जा रहे हैं। यही वजह है कि लोग आज सड़क पर उतरकर विरोध कर रहे हैं।
जंग खत्म करने की मांग
प्रदर्शन में शामिल लोगों ने कहा कि इस जंग में दोनों तरफ के आम लोग मारे जा रहे हैं। चाहे ईरान हो, इजरायल हो या कोई और जगह, हर जगह आम लोग ही इसकी कीमत चुका रहे हैं। लोगों ने कहा कि दुनिया के नेताओं को मिलकर इस जंग को खत्म करना चाहिए ताकि मासूम बच्चों और आम नागरिकों की जान बचाई जा सके। प्रदर्शन में कई लोग शामिल हुए और सभी ने एक साथ मिलकर शांति की अपील की। लोगों का कहना था कि जंग से किसी का भला नहीं होता, बल्कि सबसे ज्यादा नुकसान आम लोगों को ही उठाना पड़ता है।
