झारखंड विधानसभा अब होगा पूरी तरह डिजिटल, बजट सत्र से पेपरलेस काम

Ranchi : झारखंड विधानसभा अब पूरी तरह डिजिटल होने की तैयारी में है। नेशनल ई-विधान एप्लीकेशन (NEVA) के जरिए अब सारे काम कागज की बजाय कंप्यूटर और टैबलेट से होंगे। इसकी शुरुआत आंशिक तौर पर 18 फरवरी से शुरू होने वाले बजट सत्र से होगी, जबकि मानसून सत्र से पूरी विधानसभा पूरी तरह डिजिटल हो जाएगी।
स्पीकर ने देखा डिजिटल सिस्टम
स्पीकर रबीन्द्रनाथ महतो ने मंगलवार को विधानसभा में लगे नए डिजिटल उपकरणों का निरीक्षण किया। उन्होंने तकनीकी तैयारी की जानकारी ली और काम सही ढंग से चलाने के निर्देश दिए।
सीएम हेमंत सोरेन बुधवार को NEVA सेवा केंद्र का उद्घाटन करेंगे। इस मौके पर नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी, संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्ण किशोर, सभी मंत्री और विधायक मौजूद रहेंगे। उद्घाटन के बाद विधायकों और मंत्रियों को डिजिटल सिस्टम की ट्रेनिंग दी जाएगी। यह ट्रेनिंग दोपहर 12:30 बजे सेंट्रल हॉल में होगी।
टैबलेट से घर बैठे जमा होगा शून्यकाल का नोटिस
ट्रेनिंग के दौरान सभी विधायकों को टैबलेट या कंप्यूटर दिया जाएगा। बजट सत्र से ही विधायक शून्यकाल के नोटिस घर बैठे ऑनलाइन जमा कर सकेंगे। अब उन्हें रात या सुबह जल्दी विधानसभा आने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
प्रश्न और उत्तर भी होंगे ऑनलाइन
जब पूरी विधानसभा पेपरलेस हो जाएगी, तो विधायक प्रश्न ऑनलाइन पूछ सकेंगे और उनके जवाब भी डिजिटल मिलेंगे। इससे समय बचेगा और विधायक ज्यादा प्रश्न पूछ पाएंगे। आने वाले समय में विधानसभा की पूरी कार्यवाही जनता के लिए भी ऑनलाइन उपलब्ध होगी। इसमें प्रश्न-उत्तर, कार्यसूची, विधेयक, प्रस्ताव, समितियों की रिपोर्ट और सदन की पूरी कार्रवाई शामिल होगी। इस नए डिजिटल सिस्टम से न सिर्फ विधायकों का काम आसान होगा, बल्कि आम लोग भी घर बैठे विधानसभा की सारी गतिविधियां देख सकेंगे।
