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नशा मुक्ति के लिए आंतरिक परिवर्तन जरूरी : वक्ता

ब्रह्माकुमारी संस्थान में नशीली दवाओं के दुरुपयोग और अवैध तस्करी के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय दिवस पर कार्यक्रम आयोजित

रांची। नशीली दवाओं के दुरुपयोग और अवैध तस्करी के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय दिवस के अवसर पर गुरुवार को हरमू रोड स्थित ब्रह्माकुमारी संस्थान, चौधरी बागान में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े वक्ताओं ने नशे के दुष्प्रभावों और इससे मुक्ति के उपायों पर अपने विचार रखे।

नशा मुक्त भारत अभियान पर दिया जोर

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए रांची विश्वविद्यालय के पूर्व प्रोफेसर विद्व्यावासिनी नंदन पाण्डेय ने कहा कि भारत सरकार इस वर्ष 17 जून से 26 जून तक “नशा मुक्त भारत अभियान–विकसित भारत की पहचान” थीम के साथ जागरूकता कार्यक्रम चला रही है। उन्होंने कहा कि हर वर्ष 26 जून को दुनिया भर में नशीले पदार्थों के सेवन के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए अंतरराष्ट्रीय नशा निषेध एवं अवैध तस्करी दिवस मनाया जाता है।

नशा अनेक समस्याओं की जड़

कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि झारखंड प्रांतीय मारवाड़ी सम्मेलन के संयुक्त महामंत्री संजय सर्राफ ने कहा कि नशा केवल स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या नहीं, बल्कि सामाजिक, भावनात्मक, मनोवैज्ञानिक और आध्यात्मिक चुनौती भी है। उन्होंने कहा कि नशा किसी समस्या का समाधान नहीं, बल्कि अनेक समस्याओं की जड़ है।

युवाओं का भविष्य प्रभावित करता है नशा

चिन्मय मिशन के सचिव प्रमोद कुमार ने कहा कि नशे की लत व्यक्ति के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाती है। इससे पारिवारिक रिश्ते कमजोर होते हैं, अपराध बढ़ते हैं और युवाओं का भविष्य प्रभावित होता है।

राजयोग से मिलती है मानसिक शक्ति

कार्यक्रम में उपस्थित काउंसलर मनवीर कौर ने कहा कि राजयोग का अभ्यास व्यक्ति को अपनी वास्तविक पहचान समझने और परमात्मा से जुड़ने में सहायता करता है। इससे मानसिक शांति, आत्मबल और सकारात्मक सोच का विकास होता है।

आध्यात्मिक जागरूकता से संभव है स्थायी मुक्ति

ब्रह्माकुमारी केंद्र की संचालिका निर्मला बहन ने कहा कि नशे से स्थायी मुक्ति केवल बाहरी उपचार से नहीं, बल्कि आंतरिक परिवर्तन से संभव है। उन्होंने कहा कि राजयोग ध्यान मन को मजबूत बनाता है, भावनात्मक घावों को भरता है, आत्मसम्मान को पुनर्स्थापित करता है और आध्यात्मिक जागरूकता को बढ़ावा देता है।

निःशुल्क दिया जाता है राजयोग प्रशिक्षण

कार्यक्रम में बताया गया कि ब्रह्माकुमारी संस्थान, चौधरी बागान, हरमू रोड में प्रतिदिन सुबह 7 बजे से 10 बजे तक तथा शाम 3 बजे से 6:30 बजे तक राजयोग ध्यान का निःशुल्क प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाता है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं और संस्थान के सदस्यों ने भाग लिया।

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