IG सुनील भास्कर का मिला निर्देश और एक रात में गिरफ्तार हो गये 65 बदमाश

Bokaro : जोनल आईजी सुनील भास्कर से मिले निर्देश के बाद बोकारो जोन की पुलिस रेस हो गयी। बड़ा अभियान चलाकर एक ही रात में 65 मोस्ट वांटेड अपराधियों को धर दबोचा। आईजी के निर्देश पर चतरा, कोडरमा, गिरिडीह, हजारीबाग, रामगढ़, धनबाद और बोकारो जिलों में टीमों ने देर रात तक छापेमारी की। मकसद साफ था, जो लोग लंबे समय से फरार हैं या जिन पर वारंट जारी है, उन्हें पकड़ना। इस कार्रवाई में पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली। एक ही रात में 65 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया। साथ ही 226 वारंट का निष्पादन किया गया और 2 मामलों में कुर्की की कार्रवाई भी पूरी की गई।
रातभर चली दबिश, कई जगहों पर छापेमारी
रविवार की रात पुलिस टीमों ने अलग-अलग इलाकों में एक साथ दबिश दी। कई वारंटी और फरार आरोपी अपने घरों में छिपे मिले, तो कुछ को गुप्त सूचना के आधार पर पकड़ा गया। पुलिस की इस अचानक कार्रवाई से अपराधियों में हड़कंप मच गया। पुलिस के मुताबिक, यह अभियान पहले से प्लान किया गया था और सभी जिलों की पुलिस को एक साथ कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया था, ताकि अपराधियों को भागने का मौका न मिले।
किस जिले में क्या रही कार्रवाई
चतरा : यहां 8 लोगों को गिरफ्तार किया गया। 50 वारंट का निष्पादन किया गया।
कोडरमा : इस जिले में 12 वारंट पर कार्रवाई की गई और 8 लोगों को पकड़ा गया।
गिरिडीह : यहां 8 गिरफ्तारी हुई। 72 वारंट और 1 कुर्की की कार्रवाई की गई।
हजारीबाग : सबसे ज्यादा हलचल यहीं दिखी। 25 लोगों को गिरफ्तार किया गया। 27 वारंट और 1 कुर्की का निष्पादन हुआ।
रामगढ़ : 9 लोगों को गिरफ्तार किया गया और 5 वारंट पर कार्रवाई की गई।
धनबाद और बोकारो : दोनों जिलों में मिलाकर 9 गिरफ्तारी हुई और 31 वारंट का निष्पादन किया गया।
क्यों जरूरी है ऐसा अभियान
आईजी भास्कर का कहना है कि कई मामलों में आरोपी लंबे समय से फरार चल रहे थे। वारंट जारी होने के बावजूद वे गिरफ्तारी से बच रहे थे। ऐसे में एक साथ बड़े स्तर पर कार्रवाई करने से पुलिस को बेहतर नतीजे मिले। इस तरह की कार्रवाई से आम लोगों में भरोसा बढ़ता है कि कानून अपना काम कर रहा है। वहीं अपराधियों को भी साफ संदेश जाता है कि पुलिस लगातार नजर रखे हुए है।
आगे भी जारी रहेगा अभियान
आईजी ने साफ किया है कि यह सिर्फ शुरुआत है। आने वाले दिनों में भी इस तरह के समकालीन अभियान चलाए जाएंगे। जिन लोगों पर वारंट लंबित है या जो फरार हैं, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस की इस मुहिम से यह साफ है कि अब लंबित वारंट और फरार अपराधियों पर शिकंजा और कसने वाला है।
