नाबालिग को शादी की नीयत से भगाने वाला आरोपी रिम्स से गिरफ्तार, 15 दिनों बाद पुलिस के हत्थे चढ़ा

चतरा: चतरा जिले के मयूरहंड थाना क्षेत्र से 13 वर्षीय नाबालिग लड़की को शादी की नीयत से बहला-फुसलाकर ले जाने के आरोपी को पुलिस ने करीब 15 दिनों की तलाश के बाद गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को रांची स्थित रिम्स अस्पताल से पकड़ा गया, जहां वह अपनी बीमार मां के साथ मौजूद था। पुलिस ने नाबालिग को भी सुरक्षित बरामद कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि बच्चों और महिलाओं से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी तथा आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पिता की शिकायत पर दर्ज हुआ था मामला
मयूरहंड थाना प्रभारी राहुल दुबे ने बताया कि 27 मई को नाबालिग के पिता ने अपनी बेटी के लापता होने की शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि उनकी बेटी को शादी की नीयत से बहला-फुसलाकर ले जाया गया है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल नामजद प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की। साथ ही पोक्सो एक्ट एवं अन्य संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश तेज कर दी गई।
तकनीकी जांच से मिला आरोपी का सुराग
एफआईआर दर्ज होने के बाद पुलिस ने कई संभावित ठिकानों पर छापेमारी की और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की गतिविधियों पर नजर रखी। जांच के दौरान पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी रांची के रिम्स अस्पताल में मौजूद है।
सूचना मिलते ही एक विशेष पुलिस टीम रांची रवाना हुई। रिम्स के स्पेशलिस्ट बिल्डिंग स्थित पुरुष वार्ड में छापेमारी कर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। इसी दौरान नाबालिग लड़की को भी सुरक्षित बरामद कर लिया गया।
हजारीबाग का रहने वाला है आरोपी
गिरफ्तार आरोपी की पहचान हजारीबाग जिले के बरही थाना क्षेत्र अंतर्गत रसोईया धमना गांव निवासी 25 वर्षीय अवधेश कुमार के रूप में हुई है। पूछताछ और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद पुलिस ने उसे अदालत में प्रस्तुत किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
वहीं, बरामद नाबालिग को नियमानुसार संबंधित अधिकारियों के समक्ष प्रस्तुत किया गया है, ताकि आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा सके।
पुलिस टीम ने निभाई अहम भूमिका
इस कार्रवाई का नेतृत्व मयूरहंड थाना प्रभारी राहुल दुबे ने किया। छापेमारी दल में सब-इंस्पेक्टर कुशो महतो, महिला सहायक बल की जवान चांदनी कुमारी तथा सशस्त्र बल के अन्य जवान शामिल थे।
पुलिस ने कहा है कि बच्चों और महिलाओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई जारी रहेगी। कानून का उल्लंघन करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
