SIR और वोटर अधिकारों पर रांची में छात्र संगठनों की प्रेस कॉन्फ्रेंस, आंदोलन तेज करने का ऐलान
Ranchi News: झारखंड की राजधानी रांची में मतदाता अधिकार, विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR), महिला सुरक्षा और छात्रों के अधिकारों के मुद्दे पर कई छात्र एवं लोकतांत्रिक संगठनों ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस की। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP), AISA समेत संगठनों के प्रतिनिधियों ने दिल्ली में SIR के विरोध में हुए प्रदर्शन, प्रदर्शनकारियों की कथित गिरफ्तारी और पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए। उन्होंने आने वाले दिनों में आंदोलन को और व्यापक बनाने की बात कही।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में वक्ताओं ने कहा कि संविधान की रक्षा, मतदाता अधिकारों और शांतिपूर्ण विरोध-प्रदर्शन की स्वतंत्रता जैसे मुद्दों पर जनभागीदारी जरूरी है। संगठनों ने महंगाई, महिला सुरक्षा और छात्रों से जुड़े सवालों को भी आंदोलन का हिस्सा बनाने की बात कही।
दिल्ली में SIR विरोध प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई पर सवाल
प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिल्ली में SIR के विरोध में हुए प्रदर्शन का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया। संगठनों के प्रतिनिधियों ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकारियों के साथ सख्ती की और कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया। उन्होंने स्वतंत्र पत्रकारों, वकीलों और प्रदर्शन में शामिल लोगों के साथ कथित दुर्व्यवहार पर भी सवाल उठाए।
वक्ताओं ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखना नागरिकों का अधिकार है। उन्होंने प्रदर्शन कर रही महिलाओं के साथ कथित अभद्रता और पत्रकारों के साथ मारपीट के आरोपों की जांच की मांग की।
हालांकि, प्रेस कॉन्फ्रेंस में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि और संबंधित पुलिस पक्ष का विस्तृत बयान उपलब्ध नहीं है।
विक्टोरियन पार्लियामेंट में मुद्दे उठाने की तैयारी
संगठनों ने भारत में मतदाता अधिकार, SIR, महिला सुरक्षा और पुलिस कार्रवाई से जुड़े मुद्दों को अंतरराष्ट्रीय मंच पर उठाने की योजना की जानकारी दी। उनके अनुसार, CJP झारखंड के संस्थापक यशवीर सिंह विक्टोरियन पार्लियामेंट में भारत से जुड़े इन विषयों को उठाने की तैयारी कर रहे हैं।
हालांकि, इस प्रस्तावित कार्यक्रम की तारीख, प्रारूप और आधिकारिक विवरण प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्पष्ट नहीं किए गए।
रांची में तिरंगा यात्रा की योजना, जल्द होगी अगली घोषणा
दिल्ली में तिरंगा यात्रा रोके जाने और गिरफ्तारियों से जुड़े सवाल पर कायना अंजुम ने रांची में प्रस्तावित तिरंगा यात्रा का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि भारी बारिश और लोगों को आवागमन में हो रही परेशानी के कारण यात्रा को रद्द करना पड़ा।
उन्होंने कहा कि अगले एक-दो दिनों में तिरंगा यात्रा को लेकर आगे की रणनीति की जानकारी दी जाएगी। संगठन इस कार्यक्रम के जरिए अपने मुद्दों को जनता तक पहुंचाने की तैयारी कर रहे हैं।
किसान आंदोलन का उदाहरण देकर एकजुटता की अपील
प्रेस कॉन्फ्रेंस में वक्ताओं ने किसान आंदोलन का उदाहरण देते हुए कहा कि विभिन्न जनहित के मुद्दों पर व्यापक एकजुटता जरूरी है। उन्होंने छात्र संगठनों और लोकतांत्रिक समूहों से साथ आने की अपील की।
वक्ताओं ने SIR और मतदाता अधिकारों से जुड़े मुद्दों पर केंद्र सरकार तथा चुनाव आयोग के अधिकारियों की भूमिका पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि विरोध दर्ज कराने वाले लोगों को परेशान किया जा रहा है। प्रदर्शन के लिए निर्धारित स्थलों और न्यायालय के आदेशों के कथित उल्लंघन को लेकर भी आपत्ति जताई गई।
झारखंड में आंदोलन को व्यापक बनाने की तैयारी
संगठनों ने संकेत दिया कि आने वाले दिनों में छात्र संगठनों और लोकतांत्रिक समूहों के साथ समन्वय कर आंदोलन को व्यापक रूप दिया जाएगा। उनकी प्रमुख चिंताओं में मतदाता अधिकार, महिला सुरक्षा, छात्रों के सवाल और शांतिपूर्ण विरोध-प्रदर्शन का अधिकार शामिल हैं।
अब रांची में प्रस्तावित तिरंगा यात्रा और आंदोलन की अगली रणनीति को लेकर संगठनों की घोषणा का इंतजार है।
नोट: प्रेस कॉन्फ्रेंस में लगाए गए आरोप संबंधित संगठनों के वक्तव्यों पर आधारित हैं। इनकी स्वतंत्र पुष्टि और संबंधित पक्षों का आधिकारिक पक्ष सामने आने पर खबर को अपडेट किया जा सकता है।
