दिशोम गुरु शिबू सोरेन के निधन से झारखंड को अपूरणीय क्षति : भाकपा
रांची, 4 अगस्त (हि.स.)। झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और राज्यसभा सांसद दिशोम गुरु शिबू सोरेन के निधन पर भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) ने गहरा शोक जताया है। इस अवसर पर सोमवार को भाकपा के राज्य कार्यालय (मेन रोड, रांची) में एक श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया, जहां पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
श्रद्धांजलि सभा में भाकपा के राज्य सचिव महेंद्र पाठक, राष्ट्रीय परिषद के सदस्य पी.के. पांडे, जिला सचिव अजय कुमार सिंह, वरिष्ठ नेता बाबूलाल झा, प्रोफेसर अली अंसारी, इम्तियाज़ खान, मजदूर नेता लालदेव सिंह समेत कई कार्यकर्ता और समर्थक उपस्थित रहे।
पार्टी नेताओं ने कहा कि:
“शिबू सोरेन ने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी से ही की थी। उन्होंने भाकपा के वरिष्ठ नेता मजरूल हसन खान और पूर्व रामगढ़ विधायक के नेतृत्व में झारखंड की महाजनी प्रथा और सामाजिक अन्याय के खिलाफ संघर्ष किया।”
भाकपा नेताओं ने दिशोम गुरु को एक आदर्श जननेता बताया जिन्होंने झारखंड के वंचित, पीड़ित, दलित और आदिवासी समाज के लिए आजीवन संघर्ष किया। वे न केवल एक राजनेता, बल्कि एक सामाजिक चेतना के वाहक थे, जिन्होंने जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए अपना पूरा जीवन समर्पित कर दिया।
पार्टी कार्यालय में दिशोम गुरु के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। इस अवसर पर पार्टी ने संकल्प लिया कि:
“गुरुजी के अधूरे सपनों को साकार करने के लिए, विशेषकर झारखंड के प्राकृतिक संसाधनों और जन अधिकारों की रक्षा हेतु, भाकपा संघर्ष करती रहेगी।”
शोक सभा का समापन दो मिनट के मौन और ‘गुरुजी अमर रहें’ के नारों के साथ किया गया।
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