झारखंड में स्वास्थ्य सेवाओं को नई दिशा देगा ‘डिस्ट्रिक्ट सैंडबॉक्स’, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने किया शुभारंभ

रांची, 15 जून 2026: झारखंड में स्वास्थ्य सेवाओं को तकनीक और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के माध्यम से सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोमवार को रांची में आयोजित मेडटेक इनोवेशन डे के दौरान ‘डिस्ट्रिक्ट सैंडबॉक्स’ परियोजना का शुभारंभ किया। इस पहल के तहत स्वास्थ्य क्षेत्र में विकसित नई तकनीकों, उपकरणों और डिजिटल समाधानों का जिला स्तर पर परीक्षण किया जाएगा तथा सफल परिणाम मिलने पर उन्हें राज्यभर में लागू किया जाएगा।
भारतीय विकास ट्रस्ट (BVT) और PHIA फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में स्वास्थ्य विशेषज्ञों, नीति-निर्माताओं, शोधकर्ताओं, स्टार्टअप प्रतिनिधियों और सरकारी अधिकारियों ने भाग लिया। इस अवसर पर 13 मेडटेक स्टार्टअप्स ने एनीमिया, तपेदिक (टीबी), मधुमेह, उच्च रक्तचाप सहित विभिन्न स्वास्थ्य चुनौतियों के समाधान के लिए विकसित आधुनिक तकनीकों का प्रदर्शन किया।
स्वास्थ्य क्षेत्र में AI की बढ़ेगी भूमिका
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी और सुलभ बनाने के लिए लगातार नवाचारों को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने कहा कि झारखंड के दूरस्थ और दुर्गम क्षेत्रों तक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाना चुनौतीपूर्ण कार्य है, लेकिन AI और आधुनिक तकनीक इस दिशा में महत्वपूर्ण बदलाव ला सकते हैं।

उन्होंने कहा कि खनन गतिविधियों के कारण राज्य में कई स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियां उत्पन्न होती हैं। ऐसे में तकनीक आधारित स्वास्थ्य समाधान लोगों को बेहतर और त्वरित उपचार उपलब्ध कराने में मददगार साबित होंगे।
रियल टाइम हेल्थ मॉनिटरिंग सिस्टम पर जोर
मुख्यमंत्री ने रियल टाइम हेल्थ मॉनिटरिंग सिस्टम विकसित करने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि राज्य के नागरिकों का स्वास्थ्य डेटा उपलब्ध होने से क्षेत्रवार स्वास्थ्य समस्याओं की पहचान कर प्रभावी योजनाएं बनाई जा सकेंगी। उन्होंने कहा कि तकनीक आधारित स्वास्थ्य व्यवस्था सामाजिक और भौगोलिक बाधाओं को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
4-5 वर्षों में स्वास्थ्य ढांचे की कमियां होंगी दूर
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने कहा कि डिस्ट्रिक्ट सैंडबॉक्स परियोजना में AI और डिजिटल तकनीकों का व्यापक उपयोग किया जाएगा। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार सभी पंचायतों में स्वास्थ्य केंद्र स्थापित करने की दिशा में कार्य कर रही है और अगले चार से पांच वर्षों में स्वास्थ्य अवसंरचना की अधिकांश कमियों को दूर करने का लक्ष्य रखा गया है।
उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में थैलेसीमिया, सिकल सेल एनीमिया और टीबी जैसी बीमारियों की व्यापक स्क्रीनिंग की योजना पर विशेष रूप से काम किया जा रहा है, ताकि समय रहते मरीजों की पहचान कर उपचार उपलब्ध कराया जा सके।
स्वास्थ्य क्षेत्र में तेजी से हो रहा विकास : इरफान अंसारी
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि राज्य सरकार ने पिछले एक वर्ष के दौरान स्वास्थ्य क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण पहल की हैं। उन्होंने बताया कि राज्य में मेडिकल शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के लिए नए मेडिकल कॉलेजों की स्थापना की दिशा में कार्य किया जा रहा है तथा MBBS सीटों की संख्या बढ़ाने के प्रयास भी जारी हैं।
उन्होंने कहा कि डॉक्टरों की कमी दूर करने के लिए विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति की जा रही है और ग्रामीण क्षेत्रों में भी बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
745 अबुआ मेडिकल स्टोर खोलने की तैयारी
स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि सरकार ‘अबुआ मेडिकल स्टोर’ योजना के तहत राज्यभर में 745 मेडिकल स्टोर खोलने की तैयारी कर रही है। उनका कहना था कि यह योजना विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को सस्ती और सुलभ दवाएं उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
मेडटेक इनोवेशन डे के दौरान प्रदर्शित तकनीकों और ‘डिस्ट्रिक्ट सैंडबॉक्स’ जैसी पहल को झारखंड की स्वास्थ्य व्यवस्था को आधुनिक, तकनीक-सक्षम और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
