पीवीयूएनएल प्लांट पर 1.47 करोड़ का जुर्माना, बिना माइनिंग चालान के ढो रहा था खनिज
रामगढ़ (झारखंड), 3 जुलाई 2025: झारखंड के रामगढ़ जिले में स्थित बहुप्रतीक्षित पीवीयूएनएल (Patratu Vidyut Utpadan Nigam Limited) पावर प्लांट एक बड़े विवाद में घिर गया है। जिला प्रशासन ने पाया कि प्लांट प्रबंधन द्वारा बिना वैध माइनिंग चालान के बालू, पत्थर चिप्स और बोल्डर जैसे खनिजों का बड़े पैमाने पर परिवहन किया जा रहा था।
खनन विभाग की जांच में यह राजस्व चोरी का मामला सामने आया, जिसके बाद जिला उपायुक्त (DC) फ़ैज़ अक अहमद मुमताज ने इसे गंभीरता से लेते हुए कंपनी को कड़ी चेतावनी जारी की है।
1.47 करोड़ रुपये का जुर्माना, चेतावनी नोटिस भी जारी
जिला खनन पदाधिकारी द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, पीवीयूएनएल द्वारा वर्ष 2025 में अब तक खनिज चालान के बिना खनिजों का उपयोग किया गया। इस उल्लंघन के कारण प्रशासन ने कंपनी पर 1.47 करोड़ रुपये का भारी जुर्माना लगाया है। डीसी के निर्देश पर पीवीयूएनएल के कार्यपालक पदाधिकारी को आधिकारिक चेतावनी नोटिस भी भेजा गया है।
अन्य अनुज्ञप्तिधारियों पर भी कार्रवाई, कुल जुर्माना 1.63 करोड़
जिला खनन पदाधिकारी ने बताया कि पीवीयूएनएल के अलावा अन्य खनन पट्टाधारी और अनुज्ञप्ति धारकों पर भी कार्रवाई की गई है। इनसे अब तक 16 लाख रुपये का जुर्माना वसूला गया है। इस तरह कुल जुर्माने की राशि 1.63 करोड़ रुपये हो चुकी है।
प्रशासन की सख्ती से खनिज माफियाओं में हड़कंप
जिला प्रशासन की इस सख्त कार्रवाई से पूरे खनिज क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। डीसी फ़ैज़ अक अहमद मुमताज ने स्पष्ट किया है कि राज्य सरकार के राजस्व में कोई भी सेंध बर्दाश्त नहीं की जाएगी। भविष्य में यदि पीवीयूएनएल या कोई अन्य एजेंसी इस तरह की लापरवाही करता पाया गया, तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
