पिता नीतीश की तरह ही ‘यात्रा’ से पॉलिटिकल करियर की शुरुआत करेंगे निशांत, ब्लू प्रिंट तैयार, जानें डिटेल
पटना: सीएम नीतीश कुमार के नेतृत्व में शुक्रवार को JDU विधानमंडल दल की बड़ी बैठक हुई। इस बैठक में केंद्रीय मंत्री ललन सिंह और जदयू के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा भी मौजूद थे। हमारे सूत्र ने बताया कि निशांत कुमार को जदयू में लाने की बात पर सीएम नीतीश ने एकदम चुप्पी नहीं साधी। उन्होंने सीधे कहा कि इसका फैसला आपलोगों को करना है। कुल मिलाकर नीतीश ने निशांत के पॉलिटिकल डेब्यू पर हामी भरने से इनकार कर दिया।
क्या हुआ JDU की बैठक में निशांत पर, जानिए एक-एक बात
इसके बाद ललन सिंह और संजय झा ने मोर्चा संभाला और जो कहा वो आपको हम ज्यों का त्यों बता रहे हैं। उन्होंने कहा कि ‘निशांत कुमार से हमारी बात हो गई है। उन्होंने पार्टी में शामिल होने को लेकर अपनी सहमति दे दी है। निशांत कुमार 8 मार्च को जदयू की सदस्यता ग्रहण करेंगे। निशांत कुमार इसके बाद बिहार की यात्रा पर निकलेंगे।’
मैं ही निशांत को राजनीति में लाने की सलाह देने वाला पहला व्यक्ति- उपेंद्र कुशवाहा
वहीं RLM चीफ उपेंद्र कुशवाहा ने भी इसी बीच एक बड़ा दावा किया। उनके मुताबिक ‘आरएलएम सांसद उपेंद्र कुशवाहा ने कहा, “निशांत को जदयू में लाने का सुझाव देने वाला मैं पहला व्यक्ति था। यह जदयू के लिए आवश्यक था। अगर ऐसा हो रहा है, तो यह पार्टी के लिए बहुत अच्छा है।’ यानी उपेंद्र कुशवाहा की मानें तो निशांत को जदयू में लाने की सबसे पहले बात करने वाले खुद वही थे।
पिता नीतीश की तरह ही राजनीतिक करियर की शुरुआत करेंगे निशांत
कुल मिलाकर इन सब बातों का निचोड़ अब साफ दिखने लगा है। निशांत कुमार पिता नीतीश कुमार की तरह ही अपने पॉलिटिकल करियर की शुरुआत करेंगे। याद कीजिए 2005 के फरवरी में हुए चुनावों को जिसमें किसी भी पार्टी को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला था। सत्ता की चाबी लोजपा के पास थी। लेकिन दिवंगत रामविलास पासवान किसी मुस्लिम को मुख्यमंत्री बनाने के लिए अड़ गए थे। तब नीतीश कुमार ने क्या किया था?
जब नीतीश निकले थे अपनी पहली सियासी यात्रा पर
इसके बाद विधानसभा भंग होने के चलते बिहार में अक्टूबर में दोबारा चुनाव होने तय हो गए थे। ठीक उससे पहले जुलाई 2005 में नीतीश कुमार ने अपनी पहली यात्रा निकाली थी। जिसका नाम था न्याय यात्रा। नीतीश की 15 यात्राओं में से ये पहली थी। इसके बाद जब अक्टूबर-नवंबर 2005 में चुनाव के नतीजे आए तो नीतीश कुमार ने प्रचंड बहुमत के साथ बतौर सीएम सरकार बनाई। इसके बाद उन्होंने हाल की समृद्धि यात्रा समेत कुल 15 यात्राएं कीं।
पिता की तरह ही निशांत करेंगे यात्रा से शुरुआत
पिता नीतीश कुमार की तरह ही निशांत कुमार भी यात्रा से अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत करेंगे। इसमें कोई शक नहीं कि जनता और कार्यकर्ता का आशीर्वाद लेने के लिए उनकी यात्रा का नाम आशीर्वाद यात्रा भी रखा जा सकता है। हालांकि अभी ये तय नहीं है कि निशांत कुमार की यात्रा का नाम क्या होगा। लेकिन माना जा रहा है कि पिता नीतीश की तरह ही निशांत भी अपनी यात्रा की शुरुआत महात्मा गांधी की कर्मभूमि चंपारण से ही करेंगे।
